सम्पादकीय- जून 2016 अंक

सभी पाठकों को विश्व पर्यावरण दिवस (World Environment Day) की शुभकामनाएं।

“स्वदेशी विज्ञान” हिंदी ई-जर्नल के सम्पादकीय दल की ओर से हमें यह बताते हुए सुखद अनूभूति हो रही है कि स्वदेशी विज्ञान हिंदी जर्नल को अब ISSN (Online) 2456-0855 संख्या प्राप्त है। हमें यह साझा करते हुए भी खुशी हो रही है कि जर्नल के पाठकों की संख्या भी दिन दूनी रात चौगुनी वृद्धि हुई है। ये हम सभी की सतत कोशिश रहती है कि हम ज्यादा से ज्यादा इस जर्नल के माध्यम से विज्ञान के प्रचार-प्रसार कर सके और इसी सिलसिले में हमने दो कदम उठाये हैं। पहला, जर्नल में पाठकों कि भागीदारी व योगदान बढ़ाने हेतु एक खुला आमंत्रण पत्र सभी महाविद्यालयों, विश्वविद्यालयों, तथा शोध संस्थानों में भेजा जा रहा है. इस आमंत्रण के तहत सभी पाठकों (सभी आयु वर्गों से) मौलिक आलेखों, पत्रों, शोध पत्रों, समीक्षाओं को प्रकाशन हेतु स्वीकार किया जायेगा। दूसरा, स्वदेशी विज्ञान जर्नल की क्रियाकलापों को और अधिक रोचक व दिलचस्प बनाने के लिए एक मासिक प्रतियोगिता का आयोजन इसी मास के अंक से किया जा रहा है। इस प्रतियोगिता के अंतर्गत, 35 वर्ष तक की आयु के सभी पाठकों (कोई शैक्षिक योग्यता की सीमा नहीं) को इस प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए आमंत्रित किया गया है। इन दोनों ही कार्यकलापों में सभी इच्छुक जन अपनी प्रविष्टियाँ हमें भेज सकते हैं. प्रतियोगिता के नियमानुसार सर्वश्रेष्ठ प्रविष्टि को नगद प्रोत्साहन राशि एवं हस्ताक्षरित प्रमाण पत्र भेजा जायेगा तथा चयनित लेख को आगामी अंकों में प्रकाशित किया भी जायेगा। इन दोनों नवीन प्रयासों के बारें में अधिक जानकारी के लिए http://swadeshivigyan.com/invite/तथा http://swadeshivigyan.com/quiz/ पर देखें. प्रतियोगिता के हर माह के विषय व विजेता के लिए http://swadeshivigyan.com/monthlytopicandwinners/ पर देखें. हम सभी से अधिकाधिक रूप से हमारी गतिविधियों व प्रकाशन में भाग लेने के लिए आग्रह करते हैं तथा यह आशा करते हैं कि आपके सहयोग से हम अपने कार्यक्रमों में सफल होंगे।

धन्यवाद

मुख्य कार्यकारी संपादक

5th June 2016

Dr. Prashant Pant

डॉ. प्रशांत पंत एक शिक्षक, शोधकर्ता, एवं लेखन के रूप में दयाल सिंह महाविद्यालय में सहायक प्रोफेसर के रूप में कार्यरत हैं. उन्होंने आणविक परिस्थितिकी एवं परिस्थितिकी तंत्र में पुनर्स्थापन में पीएचडी प्राप्त किया है. उन्हें दिल्ली हिंदी साहित्य अकादमी, दिल्ली सरकार की ओर से हिंदी छात्र प्रतिभा पुरुस्कार से सम्मानित किया गया है.उनके अन्य रूचिकर विषय वानिकी, लेग्युम फाइलोजेनी, एवं जैव-सूचना विज्ञान हैं. वर्तमान में वे दिल्ली यूनिवर्सिटी के अंतर्गत एक डिग्री कॉलेज में सहायक प्रोफ़ेसर के पद पर नियुक्त हैं. इसके अलावा वे कई अंतर्राष्ट्रीय शोध पत्रों तथा ऑनलाइन जर्नल “बायोइन्फरमेटिक्स रिव्यु” के मुख्य कार्यकारी संपादक के रूप में कार्यरत हैं.

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